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हर की पैड़ी से शुरू हुई 1221वीं छड़ी यात्रा, चारधाम की ओर बढ़ा आस्था का कारवां

हरिद्वार। देवभूमि उत्तराखण्ड में चारधाम की ऐतिहासिक 1221वीं छड़ी यात्रा का सोमवार को पवित्र हर की पैड़ी स्थित ब्रह्मकुंड में गंगा स्नान के साथ विधिवत शुभारंभ हो गया। धार्मिक अनुष्ठानों के बीच श्री शंभू पंचदशनाम अखाड़ा के श्रीमहंत गोपाल गिरि महाराज ने संत-महात्माओं के साथ छड़ी का पूजन एवं स्नान कराया।

भव्य धार्मिक विधि-विधान के साथ शुरुआत
छड़ी यात्रा का संचालन षड्दर्शन साधु समाज एवं अखिल भारतीय सनातन धर्म रक्षा समिति द्वारा किया जा रहा है। सुबह 9 बजे ब्रह्मकुंड में गंगा स्नान के पश्चात यात्रा ऋषिकेश के लिए रवाना हुई, जहां त्रिवेणी संगम में स्नान और विभिन्न धार्मिक अनुष्ठान संपन्न होंगे।


षड्दर्शन साधु समाज, अखिल भारतीय सनातन धर्म रक्षा समितिें द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार यात्रा 13 अप्रैल से प्रारंभ होकर 7 जून तक विभिन्न तिथियों में चरणबद्ध तरीके से संचालित होगी। अप्रैल, मई और जून माह में निर्धारित तिथियों पर यात्रा अलग-अलग धार्मिक स्थलों से होते हुए चारों धामों की परिक्रमा करेगी।


ऋषिकेश प्रवास के दौरान 14 अप्रैल को छड़ी यात्रा त्रिवेणी संगम में स्नान करेगी तथा गौरी शंकर मंदिर में दर्शन के लिए रखी जाएगी। यहां अक्षय तृतीया के अवसर पर 108 परिक्रमा, आदि गुरु शंकराचार्य जयंती (1238वीं) और जगद्गुरु रामानुजाचार्य जयंती के कार्यक्रमों में भी संत समाज भाग लेगा।


यात्रा आगे बढ़ते हुए जानकी चट्टी के रास्ते यमुनोत्री धाम पहुंचेगी, जहां विधिवत पूजा-अर्चना के बाद वापसी होगी। इसके पश्चात उत्तरकाशी, विश्वनाथ मंदिर, शिवानंद आश्रम आदि स्थलों पर दर्शन करते हुए गंगोत्री धाम में पूजन किया जाएगा। गोमुख और भोजवासा में भी रात्रि विश्राम का कार्यक्रम निर्धारित है।


यात्रा सोनप्रयाग, त्रियुगीनारायण और गौरीकुंड होते हुए केदारनाथ धाम पहुंचेगी। यहां बाबा केदारनाथ के दर्शन, आदि गुरु शंकराचार्य की समाधि पूजन तथा भैरवनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की जाएगी।


अंतिम चरण में यात्रा जोशीमठ, नृसिंह मंदिर और टोटकाचार्य गुफा होते हुए बद्रीनाथ धाम पहुंचेगी। यहां भगवान बद्रीनाथ के दर्शन के बाद व्यास गुफा और सरस्वती धारा के दर्शन किए जाएंगे।


यात्रा के समापन से पूर्व देवप्रयाग संगम में स्नान, वशिष्ठ गुफा दर्शन और ब्रह्मपुरी में प्रवास किया जाएगा। इसके बाद गौरी शंकर मंदिर में छड़ी पूजन एवं भंडारे के साथ 7 जून 2026 को छड़ी यात्रा विधिवत सम्पन्न होगी।


चारधाम की यह 1221वीं छड़ी यात्रा न केवल धार्मिक दृष्टि से महत्वपूर्ण है, बल्कि यह सनातन परंपरा, साधु-संतों की तपस्या और सामाजिक एकता का भी प्रतीक है। हर वर्ष हजारों श्रद्धालु इस यात्रा में शामिल होकर आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त करते हैं। यात्रा के दौरान षड् दर्शन साधु समाज अखिल भारतीय सनातन धर्म रक्षा समिति के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री महन्त गोपाल गिरी, उपाध्यक्ष श्री महन्त चेतना नन्द गिरी, श्री पंच दश नाम आवाहन अखाड़े के श्री महन्त थाना पति रवि गिरी, श्री महन्त थाना पति वरूणेश्वर पुरी, महन्त थाना पति किशन गिरी, महन्त आकाश गिरी, पं. सुबोध आचार्य, कार्तिक गिरी, माई रेनुका गिरी, माई तुलजा गिरी, महन्त रणछोड गिरी, महन्त पूनम गिरी, आदि उपस्थित रहे।

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