Search for:
  • Home/
  • Uncategorized/
  • समाधान समारोह 2026 के जरिए आपसी सहमति से सुलझाए जाएंगे लंबित मामले-सिमरन जीत कौर,वादकारी सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए 20 अगस्त तक अपने मामलों को आवश्यक रूप से उच्चतम न्यायालय में सूचीबद्ध करा लें,जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने किया प्रेस क्लब हरिद्वार के संवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग,






समाधान समारोह 2026 के जरिए आपसी सहमति से सुलझाए जाएंगे लंबित मामले-सिमरन जीत कौर,वादकारी सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए 20 अगस्त तक अपने मामलों को आवश्यक रूप से उच्चतम न्यायालय में सूचीबद्ध करा लें,जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने किया प्रेस क्लब हरिद्वार के संवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग,

समाधान समारोह 2026 के जरिए आपसी सहमति से सुलझाए जाएंगे लंबित मामले-सिमरन जीत कौर,

वादकारी सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए 20 अगस्त तक अपने मामलों को आवश्यक रूप से उच्चतम न्यायालय में सूचीबद्ध करा लें,

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव ने किया प्रेस क्लब हरिद्वार के संवाद कार्यक्रम में प्रतिभाग,

हरिद्वार। प्रेस क्लब हरिद्वार द्वारा आयोजित संवाद कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सिमरनजीत कौर ने भाग लिया। कार्यक्रम में पहुंचने पर प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी एवं महामंत्री सूर्यकांत बेलवाल ने बुके देकर सम्मानित किया। प्रेस क्लब के पत्रकारों द्वारा उन्हें स्मृति चिन्ह, अंग वस्त्र शॉल गंगाजली एवं रुद्राक्ष माला भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम का संचालन कर रहे समारोह सचिव महताब आलम ने जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव सिरमनजीत कौर की उपलब्धियों से अगवत कराया। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सचिव एवं सिविल जज सीनियर डिवीजन सिमरन जीत कौर ने कहा कि न्याय को सरल और सुलभ बनाने के उद्देश्य से समाधान समारोह (विशेष लोक अदालत) 2026 के तहत संवाद कार्यक्रम का आयोजन गया। इस अभियान के तहत आपसी सुलह और समझौते के माध्यम से लंबित मामलों का निस्तारण करने का प्रयास किया जाएगा। प्रेस क्लब हरिद्वार में आयोजित संवाद कार्यक्रम के दौरान उन्होंने कहा कि जनपद से संबंधित उच्चतम न्यायालय में लंबित मामलों के पक्षकारों को नोटिस भेजकर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय में प्री-मीटिंग एवं सुलह वार्ता हेतु आमंत्रित किया जा रहा है। वार्ता सफल होने पर संबंधित मामलों को विशेष लोक अदालत में निस्तारित कराने के लिए आवश्यक कार्यवाही प्राधिकरण के सहयोग से की जाएगी। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण जनपद हरिद्वार की सचिव श्रीमती सिमरनजीत कौर ने समस्त वादकारियों से अपील की है कि वे अपने लंबित मामलों के त्वरित एवं सौहार्दपूर्ण समाधान के लिए न्यायालय अथवा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कार्यालय से संपर्क करें। उच्चतम न्यायालय, नई दिल्ली में 21, 22 एवं 23 अगस्त 2026 को “समाधान समारोह” के अंतर्गत विशेष लोक अदालत का आयोजन किया जाएगा।उन्होंने बताया कि इस विशेष लोक अदालत में उच्चतम न्यायालय में लंबित विभिन्न प्रकार के वादों का आपसी सुलह एवं राजीनामे के आधार पर निस्तारण किया जाएगा। इनमें फौजदारी मामले, मोटर दुर्घटना प्रतिकर वाद, चेक बाउंस मामले, बैंक ऋण एवं वसूली संबंधी मामले, दीवानी एवं वैवाहिक वाद, बीमा दावे, सरकारी एवं सार्वजनिक उपक्रमों से संबंधित प्रकरण, शैक्षणिक एवं सेवा संबंधी मामले सहित अन्य प्रकृति के वाद शामिल हैं।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण सचिव ने बताया कि जिन वादकारियों के मामले उच्चतम न्यायालय में लंबित हैं तथा जो अपने मामलों का शीघ्र एवं सौहार्दपूर्ण समाधान चाहते हैं, वे 20 अगस्त 2026 तक अपने मामलों को आवश्यक रूप से उच्चतम न्यायालय में सूचीबद्ध करा लें। उन्होंने बताया कि प्रत्येक कोर्ट में करीब 100 से 200 मामले लंबित रहते हैं। इनमें कई ऐसे मामले होते हैं, जिन्हें आपसी सहमति और संवाद के जरिए आसानी से सुलझाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि लोक अदालत व्यवस्था का मुख्य उद्देश्य लोगों को त्वरित, सरल और कम खर्च में न्याय उपलब्ध कराना है। उन्होंने जानकारी देते हुए बताया कि भारत के सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा समाधान समारोह 2026 की शुरुआत 21 अप्रैल 2026 से की जा चुकी है, जिसकी परिणति 21, 22 और 23 अगस्त 2026 को आयोजित होने वाली विशेष लोक अदालत के रूप में होगी। इस दौरान सर्वाेच्च न्यायालय में लंबित उपयुक्त मामलों को सुलह-समझौते के जरिए निपटाने का प्रयास किया जाएगा। सिमरन जीत कौर ने बताया कि विशेष लोक अदालत से पहले विभिन्न स्तरों पर पूर्व सुलह बैठकों का आयोजन किया जाएगा। ये बैठकें राज्य, जिला, तालुका और उच्च न्यायालय विधिक सेवा प्राधिकरण तथा समिति स्थित मध्यस्थता केंद्रों में होंगी। बैठकों में प्रशिक्षित मध्यस्थ और विधिक सेवा प्राधिकरण के अधिकारी पक्षकारों को समझौते के लिए प्रेरित करेंगे। उन्होंने कहा कि पक्षकार इन बैठकों में शारीरिक रूप से उपस्थित होने के साथ-साथ वर्चुअल माध्यम से भी शामिल हो सकते हैं। इसके लिए सर्वाेच्च न्यायालय की वेबसाइट पर एक गूगल फॉर्म उपलब्ध कराया गया है, जिसे भरकर संबंधित पक्ष अपने मामले को समाधान समारोह 2026 में शामिल करा सकते हैं। उन्होंने अधिवक्ताओं, वादकारियों और आम लोगों से इस अभियान में सक्रिय भागीदारी की अपील करते हुए कहा कि सुलह-समझौते से न केवल न्यायालयों का बोझ कम होगा, बल्कि लोगों को लंबे समय तक चलने वाले विवादों से भी राहत मिलेगी। इस दौरान आदेश त्यागी गुलशन नैयर,रजनीकांत शुक्ला, अभिषेक रमन रामचंद्र कनौजिया, राजेंद्र नाथ गोस्वामी,श्रवण झा, राजकुमार, अमित गुप्ता,राहुल वर्मा ,बालकृष्ण शास्त्री, मनोज खन्ना, कुलभूषण शर्मा, संदीप शर्मा, लव शर्मा, संदीप रावत, शैलेंद्र गोदियाल, शिवकुमार, शिवांग अग्रवाल, रूपेश वालिया, सुनील दत्त पांडे, सुदेश आर्य, निशा शर्मा, कुमकुम शर्मा, नीलम सैनी, हिमांशु द्विवेदी, महावीर नेगी ,प्रशांत शर्मा, रत्नमणी डोभाल, जोगेंद्र मावी, वैभव भाटिया, शैलेंद्र ठाकुर, महावीर नेगी, महेश पारीख, प्रतिभा वर्मा, पुलकित शुक्ला, सुमित यशकल्याण, हरीश, राजकुमार पाल, एडवोकेट रमन सैनी आदि मौजूद रहे।

Leave A Comment

All fields marked with an asterisk (*) are required